01निशानी
क़ुरआन में आपकी खाल आपके विरुद्ध गवाही देगी। संशयवादी दावा करते हैं कि क़ुरआन लिखने वाले ने गलती की; स्मृति केवल मस्तिष्क तक सीमित है, खाल में कोई स्मृति नहीं होती। आज वैज्ञानिक पुष्टि करते हैं कि खाल स्मृति को संचित और पुनः प्राप्त कर सकती है।

02वैज्ञानिक प्रमाण
क्या खाल और यकृत ‘याद’ रख सकते हैं? क्या हमारा शरीर हर जगह स्मृतियाँ संचित करता है?
लंबे समय तक स्मृति को मस्तिष्क का एक विशिष्ट कार्य माना जाता था और यह समझा जाता था कि हमारी तंत्रिका परिपथियाँ और मस्तिष्क कोशिकाएँ हमारी सभी स्मृतियों को संभालती हैं। लेकिन न्यूयॉर्क विश्वविद्यालय के हालिया शोध ने इस धारणा को उलट दिया है। इस अध्ययन के अनुसार, मस्तिष्क के बाहर की कोशिकाएँ भी स्मृतियाँ संचित और पुनः प्राप्त कर सकती हैं, जिससे यह देखने का एक नया दृष्टिकोण मिलता है कि स्मृति-प्रक्रिया में हमारा पूरा शरीर कैसे भाग लेता है। यह खोज स्मृति के बारे में हमारी समझ में केवल वृद्धि ही नहीं करती—यह सीखने और स्मृति-संबंधी विकारों के उपचार के प्रति हमारे दृष्टिकोण को भी बदल सकती है।
स्मृति केवल मस्तिष्क तक सीमित नहीं है; शरीर के दूसरे अंग भी स्मृति को संचित और पुनः प्राप्त कर सकते हैं। यह हाल ही में ज्ञात हुआ, लेकिन इसकी खोज से 1400 वर्ष पहले क़ुरआन में इसका चित्रण किया गया था।
03क़ुरआन का अंश · क़ुरआन 41:19–21
وَيَوْمَ يُحْشَرُ أَعْدَاءُ اللَّهِ إِلَى النَّارِ فَهُمْ يُوزَعُونَ ١٩ حَتَّىٰ إِذَا مَا جَاءُوهَا شَهِدَ عَلَيْهِمْ سَمْعُهُمْ وَأَبْصَارُهُمْ وَجُلُودُهُمْ بِمَا كَانُوا يَعْمَلُونَ ٢٠ وَقَالُوا لِجُلُودِهِمْ لِمَ شَهِدْتُمْ عَلَيْنَا ۖ قَالُوا أَنْطَقَنَا اللَّهُ الَّذِي أَنْطَقَ كُلَّ شَيْءٍ وَهُوَ خَلَقَكُمْ أَوَّلَ مَرَّةٍ وَإِلَيْهِ تُرْجَعُونَ ٢١
जिस दिन अल्लाह के दुश्मनों को बलपूर्वक आग की ओर हाँका जाएगा। फिर जब वे वहाँ पहुँचेंगे, तो उनके कान, उनकी आँखें और उनकी खालें उनके विरुद्ध उन कामों की गवाही देंगी जो वे किया करते थे। और वे अपनी खालों से कहेंगे, ‘तुमने हमारे विरुद्ध गवाही क्यों दी?’ वे कहेंगी, ‘अल्लाह ने हमें बोलने की शक्ति दी, जिसने हर चीज़ को बोलने की शक्ति दी। उसी ने तुम्हें पहली बार पैदा किया और उसी की ओर तुम लौटाए जाते हो।’
04चिंतन
‘तुमने हमारे विरुद्ध गवाही क्यों दी?’ गवाही देने के लिए उन्हें याद रखना आवश्यक है। आज हम जानते हैं कि स्मृति केवल मस्तिष्क तक सीमित नहीं है। खाल सहित शरीर के दूसरे अंग भी स्मृति को संचित और पुनः प्राप्त कर सकते हैं।
05 · विचार करें